गलत जन्म प्रमाण पत्र द्वारा नौकरी लेने वाले निगरान इंजीनियर सुरिन्दरपाल सिंह विरुद्ध विजीलैंस की तरफ से एक ओर केस दर्ज

0
612
to day news in chandigarh

विजीलैंस ब्यूरो, पंजाब

गलत जन्म प्रमाण पत्र द्वारा नौकरी लेने वाले निगरान इंजीनियर सुरिन्दरपाल सिंह विरुद्ध विजीलैंस की तरफ से एक ओर केस दर्ज

(गलत जन्म प्रमाण पत्र को लेकर पंजाब मंडी बोर्ड, गमाडा और शिक्षा बोर्ड के अधिकारी /कर्मचारी भी केस में शामिल किये)

चंडीगड़, 3 जुलाई:

पंजाब विजीलैंस ब्यूरो ने पंजाब मंडी बोर्ड और गमाडा में तैनात रहे निगरान इंजीनियर सुरिन्दरपाल सिंह द्वारा गलत जन्म प्रमाण पत्र पेश करके सरकारी नौकरी प्राप्त करने के लिये उसके विरुद्ध केस दर्ज किया है। उक्त अधिकारी विरुद्ध विजीलैंस की तरफ से पहले ही विकास कामों के टैंडर मनपसंद फर्मों को देने, जाली फर्मों के द्वारा वित्त से अधिक पैसा तबदील करनेे और स्रोतों से अधिक जायदादों बनाने सम्बन्धित अलग -अलग धाराओं अधीन मुकदमा दजऱ् करके जेल भेजा जा चुका है।

इस संबंधी जानकारी देते हुए पंजाब विजीलैंस ब्यूरो सरकारी वक्तो ने बताया कि दोषी सुरिन्दरपाल सिंह तारीख़ 28.01.1993 को पंजाब मंडी बोर्ड में खिलाड़ी कोटों में बतौर जूनियर इंजीनियर भर्ती हुआ था और नौकरी हासिल करते समय उस की तरफ से अपनी जन्म तारीख़ असली से 4 साल कम भाव 11.12.1971 दिखाई गई थी जबकि विजीलैंस की पड़ताल उपरांत यह सामने आया कि सुरिन्दरपाल सिंह की सर्विस बुक्क में जन्म तारीख़ 11.12.1971 दर्ज है, परन्तु इस अधिकारी की असली जन्म तारीख़ 11.12.1967 है।

प्रवक्ता ने बताया कि विजीलैंस की पड़ताल उपरांत यह सामने आया कि उक्त दोषी ने मार्च 1984 में 10वीं पास की और पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड के गजट के अतिरिक्त वर्ष 1984 की नतीजा शीट पर जन्म तारीख 11.12.1967 दर्शायी गई है पर सुरिंदर पाल सिंह की सर्विस बुक में जन्म तारीख 11.12.1971 दर्ज है। उक्त आरोपी इंजीनियर ने सरकारी मिडल स्कूल मुलियांवाली, फाजिल्का से 31.3.1981 में आठवीं पास की तथा उसे 10.06.1981 को आठवीं जमात का सर्टीफिकेट जारी हुआ है। इसी सर्टीफिकेट के आधार पर उसने सरकारी सीनियर सकैंडरी स्कूल, धम्मीवालाफत्ता, जिला श्री मुक्तसर साहिब में नौंवी कक्षा में दाखिला लिया और 10वीं भी वहीं से पास की। इन स्कूलों से प्राप्त रिकार्ड अनुसार उसकी जन्म तारीख 11.12.1967 ही दर्ज हुई है। इससे सिद्ध होता है कि उसने नौकरी लेने के लिये अपनी जन्म तारीख में फेरबदल किया। अन्य विवरण देते हुये प्रवक्ता ने बताया कि आरोपी अधिकारी ने वर्ष 1985-86 में सीनियर सकैंडरी की शिक्षा पास करने उपरांत वर्ष 1986-89 तक सिविल इंजीनियरिंग में तीन वर्षीय डिप्लोमा हासिल किया। इस संस्था के रिकार्ड में भी उसकी जन्म तारीख 11.12.1967 ही है जिससे सिद्ध होता है कि सुरिंदरपाल सिंह ने पंजाब मंडी बोर्ड/गमाडा और पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड मोहाली के अधिकारियों/कर्मचारियों की मिलीभगत से अपनी जन्म तारीख के सर्टीफिकेट में तारीख 11.12.1967 की बजाये 11.12.1971 तारीख गलत दर्ज करवाई है।

उन्होंने बताया कि इस मामलें में विजीलैंस ने सुरिन्दरपाल सिंह द्वारा सरकारी नौकरी हासिल करते समय गलत जन्म प्रमाण पत्र पेश करने और इसको तैयार करने में मदद करने वाले पंजाब मंडी बोर्ड /गमाडा और पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड मोहाली के आधिकारियों /कर्मचारियों विरुद्ध विजीलैंस के थाना मोहाली में आई पी सी की धारा 420, 467, 468, 471 व 120 -बी व भ्रष्टाचार रोक कानून की धारा 13 (1) अधीन मुकदमा दर्ज करके आगे वाली कार्यवाही आरंभ कर दी है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here