प्रसिद्ध एथलीट मान कौर आयुर्वेदिक व प्राकृतिक उपचार से ठीक हो रही हैं

0
108

आई 1 न्यूज़  चंडीगढ़ 15 जुलाई 2021 (अमित सेठी) प्रसिद्ध एथलीट मान कौर आयुर्वेदिक व प्राकृतिक उपचार से ठीक हो रही हैं इच्छा शक्ति में सुधार करने वाली आयुर्वेदिक ‘सत्ववजयी चिकित्सा’ से प्रसिद्ध एथलीट मान कौर को लाभ हो रहा है आयुर्वेद विशेषज्ञ गुरु मनीष जानी-मानी 105 वर्षीय ट्रैक-एंड-फील्ड एथलीट मान कौर, जो विभिन्न प्रकार की स्पर्धाओं में 100 वर्ष से अधिक पुरानी श्रेणियों में विश्व रिकॉर्ड के लिए जानी जाती हैं, राष्ट्रपति द्वारा नारी शक्ति पुरस्कार पा चुकी हैं और जिन्हें प्रधानमंत्री भी सम्मानित कर चुके हैं, आयुर्वेदिक व प्राकृतिक उपचार से ठीक हो रही हैं। मान कौर इस वक्त चंडीगढ़ के निकट, चंडीगढ़-दिल्ली हाईवे पर स्थित, हॉस्पिटल एंड इंस्टीट्यूट ऑफ इंटीग्रेटेड मेडिकल साइंसेज (एचआईआईएमएस) में भर्ती हैं। एचआईआईएमएस भारत का एकमात्र ऐसा संपूर्ण चिकित्सा विज्ञान अस्पताल है जहां आयुर्वेद, एलोपैथी, प्राकृतिक चिकित्सा आदि सहित विभिन्न चिकित्सा प्रणालियों के उचित समावेश से इलाज किया जाता है। मान कौर की देखरेख में जुटे आयुर्वेद चिकित्सकों का कहना है कि उनकी हालत में सुधार है और अब उन्हें हल्का भोजन भी दिया जायेगा।

मान कौर लीवर और गॉलब्लैडर के कैंसर से पीड़ित हैं।

‘जब वे हमारे पास आयीं तब बेहोश थीं और अत्यधिक कमजोरी के कारण उनके अंग निढाल थे। उनमें ठीक होने के अच्छे संकेत तो दिख रहे हैं, लेकिन उम्र एक प्रमुख कारक है जिसके बारे में हम ज्यादा कुछ नहीं कर सकते हैं। हमारी कोशिश है कि उनकी बीमारी का समग्र रूप से मुकाबला करने के लिए उन्हें मानसिक और शारीरिक स्तर पर लाभ पहुंचाया जा सके। हम एक संपूर्ण सत्ववजयी चिकित्सा का उपयोग कर रहे हैं – जो एक गैर-औषधीय उपचार विधि है जिसमें इच्छाशक्ति और आत्मविश्वास बढ़ाने के लिए मानसिक परामर्श दिया जाता है, ताकि बीमारी का अच्छी तरह से मुकाबला करने के लिए जरूरी शक्ति प्रदान की जा सके। इससे मान कौर जी को लाभ हो रहा है,’ एचआईआईएमएस के संस्थापक, गुरु मनीष ने कहा।

गुरु मनीष ने आगे कहा, ‘जब वह हमारे यहां लायी गयीं, तब उन्हें भयंकर दर्द की शिकायत थी, लेकिन हमारी चिकित्सा से उनका दर्द कम हो गया है। उनकी उम्र अधिक होने के कारण कोई भी उनका इलाज करने के लिए तैयार नहीं था, इसलिए मैंने एथलेटिक्स में उनकी उपलब्धियों को ध्यान में रखते हुए, जिसके चलते न सिर्फ राष्ट्रीय बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी चंडीगढ़ का नाम हुआ, उनका इलाज करने का फैसला किया। हम आयुर्वेद का उपयोग करके मुफ्त में उनका इलाज कर रहे हैं।’

मान कौर का इलाज कर रहे डॉ. सुयश ने कहा, ‘सत्ववजयी चिकित्सा के अलावा हम उनकी उम्र के लिए उपयुक्त पंचकर्म चिकित्सा तथा आहार प्रबंधन के जरिए उन्हें ठीक करने का प्रयास कर रहे हैं। ‘

इतनी अधिक उम्र में भी मान कौर की उपलब्धियां अनुकरणीय हैं। वर्ष 2016 में वे अमेरिकन मास्टर्स गेम की एक प्रतियोगिता में सबसे तेज सौ-वर्षीय खिलाड़ी बनीं। ऑकलैंड में आयोजित वर्ल्ड मास्टर्स गेम्स 2017 में उन्होंने 74 सेकेंड में 100 मीटर की दौड़ पूरी की। वर्ष 2019 में उन्होंने पोलैंड में अपनी श्रेणी में चार ईवेंट – शॉट पुट, 60 मीटर स्प्रिंट, 200 मीटर और भाला फेंक में जीत हासिल की। वर्ष 2019 में फिर से, 103 साल की उम्र में उन्होंने मलेशिया में एशियन मास्टर्स चैंपियनशिप में 200 मीटर डैश और शॉटपुट में स्वर्ण पदक जीता था।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here